अवैध निर्माणों पर एमडीडीए का बड़ा प्रहार, कुल्हान और चन्द्रवनी में चार भवन सील

देहरादून 09 जून। राजधानी देहरादून में अवैध निर्माणों के खिलाफ मसूरी-देहरादून विकास प्राधिकरण (एमडीडीए) ने मंगलवार को बड़ी कार्रवाई करते हुए कुल्हान और चन्द्रवनी क्षेत्र में चार अवैध भवनों को सील कर दिया। इनमें फ्लैट और डुप्लैक्स भवन शामिल हैं, जिनका निर्माण बिना स्वीकृत मानचित्र और आवश्यक अनुमतियों के किया जा रहा था।
एमडीडीए को इन निर्माणों के संबंध में लगातार शिकायतें मिल रही थीं। शिकायतों के आधार पर अधिकारियों ने मौके का निरीक्षण किया, जिसमें निर्माण कार्य नियमानुसार नहीं पाया गया। इसके बाद उत्तर प्रदेश नगर नियोजन एवं विकास अधिनियम के तहत सीलिंग की कार्रवाई की गई।
कुल्हान स्थित नागल हटनाल क्षेत्र में चिराग तलवार द्वारा दो बहुमंजिला भवनों को जोड़कर फ्लैट विकसित किए जा रहे थे। निरीक्षण में निर्माण कार्य स्वीकृत मानकों के अनुरूप नहीं पाया गया, जिसके बाद दोनों भवनों में विकसित किए जा रहे फ्लैटों को सील कर दिया गया। कार्रवाई के दौरान सहायक अभियंता शैलेन्द्र सिंह रावत एवं उनकी टीम मौजूद रही।
इसके बाद एमडीडीए की टीम ने चन्द्रवनी रोड स्थित द्वारिका पुरी क्षेत्र में कार्रवाई की। यहां सुभाष चौधरी द्वारा निर्मित किए जा रहे दो डुप्लैक्स भवन भी नियमों के विपरीत पाए गए। प्राधिकरण ने दोनों भवनों को सील कर निर्माण कार्य पर तत्काल रोक लगा दी। इस दौरान सहायक अभियंता विजय सिंह रावत, अवर अभियंता मुनेश राणा और सुपरवाइजरों की टीम मौके पर मौजूद रही।
एमडीडीए के अनुसार बिना स्वीकृत मानचित्र के किए जा रहे निर्माण शहर की नियोजित विकास व्यवस्था को प्रभावित करते हैं तथा यातायात, पार्किंग, पेयजल, सीवरेज और आपदा प्रबंधन जैसी मूलभूत सुविधाओं पर अतिरिक्त दबाव बढ़ाते हैं। इसी को देखते हुए प्राधिकरण अवैध निर्माणों के विरुद्ध लगातार सख्त कार्रवाई कर रहा है।
एमडीडीए के उपाध्यक्ष बंशीधर तिवारी ने कहा कि प्राधिकरण क्षेत्र में अवैध निर्माणों के खिलाफ अभियान पूरी सख्ती से जारी रहेगा। उन्होंने स्पष्ट किया कि बिना स्वीकृत मानचित्र और आवश्यक अनुमतियों के किसी भी प्रकार का निर्माण स्वीकार नहीं किया जाएगा।
वहीं, एमडीडीए के सचिव मोहन सिंह बर्निया ने कहा कि प्राधिकरण क्षेत्र में अवैध निर्माणों की लगातार निगरानी की जा रही है और जहां भी नियमों का उल्लंघन सामने आएगा, वहां तत्काल कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने नागरिकों से किसी भी निर्माण कार्य से पूर्व स्वीकृत मानचित्र एवं आवश्यक अनुमतियां प्राप्त करने की अपील की।



