
चंडीगढ़ 19 फरवरी। चंडीगढ़ यूनिवर्सिटी ने इंडिया एआई इम्पैक्ट समिट–2026 की तर्ज पर भारत के पहले तीन दिवसीय एआई फेस्ट–2026 की भव्य शुरुआत की। यह फेस्ट आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस को इनोवेशन, एंटरप्रेन्योरशिप और समावेशी राष्ट्रीय विकास का मजबूत आधार बनाने की दिशा में एक ऐतिहासिक पहल है, जो भारत को एआई के वैश्विक नेतृत्व की ओर अग्रसर करेगी।
इस अवसर पर सांसद (राज्यसभा) एवं चंडीगढ़ यूनिवर्सिटी के चांसलर सतनाम सिंह संधू, अपग्रेड के चेयरपर्सन एवं एजु-टेक पायनियर रोनी स्क्रूवाला तथा वेबवेदा और इंडियाजीनियसचैलेंज के फाउंडर व सोशल इन्फ्लुएंसर अंकुर वारिकू की गरिमामयी उपस्थिति में भारत के पहले एआई फेस्ट का उद्घाटन किया गया।
‘एआई आपकी नौकरी नहीं लेगा, एआई को बेहतर इस्तेमाल करने वाला इंसान लेगा’
फेस्ट को संबोधित करते हुए अंकुर वारिकू ने कहा कि एआई से डरने की जरूरत नहीं है। एआई आपकी नौकरी नहीं छीनेगा, बल्कि वह व्यक्ति आपकी जगह ले सकता है जो एआई का इस्तेमाल आपसे बेहतर करना जानता हो। उन्होंने युवाओं को टेक्नोलॉजी अपनाने, लगातार सीखते रहने और कॉलेज के दौरान ही कुछ नया शुरू करने के लिए प्रेरित किया।
सीयू एआई मिशन लॉन्च, 1.5 लाख युवाओं को एआई ट्रेनिंग का लक्ष्य
इंडिया एआई मिशन के साथ साझेदारी में चंडीगढ़ यूनिवर्सिटी ने सीयू एआई मिशन लॉन्च कर इतिहास रच दिया है। इसके साथ ही सीयू यह पहल करने वाली देश की पहली यूनिवर्सिटी बन गई है। यह मिशन एआई रिसर्च एवं डेवलपमेंट, एआई-आधारित एंटरप्रेन्योरशिप और सभी अकादमिक विषयों में एआई लिटरेसी को बढ़ावा देगा। मिशन के तहत 1.5 लाख युवाओं को एआई में प्रशिक्षित कर उन्हें ग्लोबली कॉम्पिटिटिव वर्कफोर्स के रूप में तैयार किया जाएगा।
ग्लोबल लीडर्स और स्टूडेंट इनोवेटर्स एक मंच पर
एआई फेस्ट–2026 ने ग्लोबल एंटरप्रेन्योर्स, पॉलिसीमेकर्स, एआई लीडर्स, कॉर्पोरेट्स, एकेडेमिया, रिसर्चर्स, स्टार्टअप्स और हजारों छात्र इनोवेटर्स को एक साझा मंच प्रदान किया। चर्चाओं के प्रमुख थीम रहे—
इवॉल्विंग एआई विद इवॉल्विंग ह्यूमन्स
एआई इंजीनियर्ड रियलिटी
एआई पॉलिसी, गवर्नेंस एंड स्ट्रक्चरिंग
टेक्निकल फ्रंटियर्स
35 से अधिक प्रतियोगिताएं, 1 करोड़ रुपये से ज्यादा का प्राइज पूल
एआई फेस्ट–2026 के तहत सीयू इनोवफेस्ट 2026, कैंपस टैंक और सैंडबॉक्स जैसे तीन प्रमुख प्लेटफॉर्म लॉन्च किए गए हैं। फेस्ट में एआई और उभरती टेक्नोलॉजी के विभिन्न डोमेन में 35 से ज्यादा प्रतियोगिताएं आयोजित की जा रही हैं, जिनमें देश-विदेश की 1,000 से अधिक टीमें हिस्सा ले रही हैं।
200 से ज्यादा यूनिवर्सिटी और कॉलेजों के 10,000 से अधिक छात्र इसमें भाग ले रहे हैं। विजेता टीमों को 1 करोड़ रुपये से अधिक के कैश अवॉर्ड और उत्कृष्टता प्रमाणपत्र प्रदान किए जाएंगे। प्रतिभागियों को ग्लोबल एनालिटिक्स लीडर SAS Institute से अंतरराष्ट्रीय स्तर पर मान्यता प्राप्त सर्टिफिकेशन भी मिलेगा।
क्वांटम रिसर्च को बढ़ावा, बोस-आइंस्टीन क्वांटम सेंटर ऑफ एक्सीलेंस लॉन्च
चंडीगढ़ यूनिवर्सिटी ने नेशनल क्वांटम मिशन के तहत क्यूपीएआई, क्यूऋषि और CSIR-National Physical Laboratory के सहयोग से बोस-आइंस्टीन क्वांटम सेंटर ऑफ एक्सीलेंस की भी शुरुआत की। इसके साथ सीयू भारत की पहली प्राइवेट यूनिवर्सिटी बन गई है जिसने क्वांटम सेंटर ऑफ एक्सीलेंस स्थापित किया है।
‘नारी’ स्कीम से महिलाओं को एआई और टेक में सशक्त बनाने की पहल
एआई फेस्ट के दौरान चंडीगढ़ यूनिवर्सिटी ने ‘नारी’ (नर्चरिंग एआई रेजोल्यूशन फॉर इन्क्लूजन – वुमेन इन टेक) स्कीम भी लॉन्च की, जिसका उद्देश्य एआई स्किलिंग, स्टार्टअप इनक्यूबेशन, हेल्थ, वेलनेस और लीडरशिप डेवलपमेंट के जरिए महिलाओं को सशक्त बनाना है।
एआई फेस्ट–2026 के जरिए चंडीगढ़ यूनिवर्सिटी ने यह स्पष्ट संदेश दिया कि भारत का भविष्य एआई, इनोवेशन और युवा प्रतिभा के हाथों में है, और सही दिशा में प्रयास कर भारत को वैश्विक एआई हब बनाया जा सकता है।