रात में आईजी रिद्धिम खुद उतरीं गश्त पर, सीसीटीवी से लेकर बीट सिस्टम तक कसा शिकंजा
कुमाऊं परिक्षेत्र में सघन चेकिंग अभियान, लापरवाही पर सख्त कार्रवाई के निर्देश
नैनीताल 13 फरवरी। कुमाऊं परिक्षेत्र में अपराध नियंत्रण और कानून-व्यवस्था को और मजबूत करने के उद्देश्य से चलाए जा रहे विशेष सघन चेकिंग अभियान के तहत पुलिस महानिरीक्षक रिद्धिम अग्रवाल स्वयं देर रात गश्त पर निकलीं। गुरुवार और शुक्रवार की मध्य रात्रि उन्होंने हल्द्वानी क्षेत्र में विभिन्न नाकों, पुलिस बैरियरों और चौकी क्षेत्रों का औचक निरीक्षण किया।
आईजी के निर्देश पर कुमाऊं रेंज के सभी जिलों में वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों ने भी अपने-अपने क्षेत्रों में रात्रिकालीन निरीक्षण और गश्त की।
पुलिस प्रवक्ता के अनुसार निरीक्षण के दौरान आईजी ने स्वयं वाहनों की चेकिंग की, संदिग्ध व्यक्तियों के सत्यापन की प्रक्रिया देखी और ड्यूटी पर तैनात पुलिसकर्मियों की उपस्थिति व कार्यप्रणाली की गहन समीक्षा की। नाकों और बैरियरों पर आगंतुकों व वाहनों की आवाजाही से संबंधित रजिस्टरों की जांच में कई खामियां पाई गईं।
इस पर संबंधित थाना प्रभारियों को कड़े निर्देश देते हुए सभी रजिस्टर तत्काल अपडेट कर एक दिन के भीतर रिपोर्ट प्रस्तुत करने को कहा गया।
निरीक्षण के दौरान यह भी सामने आया कि कुछ चौकी क्षेत्रों में लगे सीसीटीवी कैमरे खराब हैं, जिनकी सूचना उच्चाधिकारियों को नहीं दी गई। इस लापरवाही पर आईजी ने कड़ी नाराजगी जताते हुए स्पष्ट किया कि निगरानी तंत्र में किसी भी प्रकार की ढिलाई अस्वीकार्य है। सभी सीसीटीवी कैमरों को तत्काल दुरुस्त कर रिपोर्ट देने के निर्देश दिए गए।
इसके अलावा गश्त पर तैनात कुछ कर्मियों के पास बीट बुक/ई-बीट बुक और वायरलेस सेट उपलब्ध नहीं पाए गए। आईजी ने निर्देश दिए कि प्रत्येक गश्ती कर्मचारी के पास बीट बुक अथवा ई-बीट बुक अनिवार्य रूप से हो, जिसमें सत्यापन, संदिग्ध व्यक्तियों और आगंतुकों का पूरा विवरण नियमित रूप से दर्ज किया जाए। साथ ही वायरलेस सेट के माध्यम से सतत संपर्क बनाए रखना सुनिश्चित किया जाए।
आईजी ने स्पष्ट कहा कि नाके, बैरियर, सीसीटीवी निगरानी और बीट प्रणाली पुलिसिंग की आधारभूत और अत्यंत महत्वपूर्ण कड़ियां हैं। इनमें किसी भी तरह की लापरवाही पाए जाने पर संबंधित अधिकारियों और कर्मचारियों के खिलाफ कठोर अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाएगी।
वाहन चेकिंग के दौरान कई ओवरलोड वाहनों को सीज भी किया गया। आईजी के निर्देश पर परिक्षेत्र के सभी वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक, पुलिस अधीक्षक, अपर पुलिस अधीक्षक और क्षेत्राधिकारियों ने अपने-अपने जनपदों में नाकों, बैरियरों और चौकियों का आकस्मिक निरीक्षण किया।
निरीक्षण के दौरान रात्रि ड्यूटी में तैनात पुलिस बल की सतर्कता का परीक्षण किया गया और संदिग्ध व्यक्तियों व वाहनों की सघन चेकिंग कर आवश्यक वैधानिक कार्रवाई की गई। अधिकारियों ने सुरक्षा व्यवस्था, गश्त प्रणाली, अभिलेखों के रख-रखाव और संचार तंत्र की भी समीक्षा की।
पुलिस कर्मियों का उत्साहवर्धन करते हुए उन्हें कर्तव्य के प्रति सजग, संवेदनशील और प्रतिबद्ध रहने के लिए प्रेरित किया गया। आईजी ने निर्देश दिए कि अपराध और अपराधियों पर प्रभावी अंकुश लगाने के लिए ऐसे सघन चेकिंग अभियान लगातार जारी रखे जाएं, ताकि आमजन में सुरक्षा की भावना और अधिक मजबूत हो।
परिक्षेत्र पुलिस ने आम लोगों से भी अपील की है कि किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तत्काल पुलिस को दें और कानून-व्यवस्था बनाए रखने में सहयोग करें।