विदेशी रोजगार के लिए भाषा प्रशिक्षण का विस्तार, किसानों की फसल सुरक्षा को केंद्र से ₹25 करोड़
देहरादून,13 मार्च 2026। उत्तराखंड सरकार ने युवाओं के वैश्विक रोजगार और किसानों की फसल सुरक्षा के लिए दो महत्वपूर्ण घोषणाएँ की हैं। विधानसभा के बजट सत्र में एक ओर अल्मोड़ा में नया लैंग्वेज ट्रेनिंग सेंटर खोलने की घोषणा की गई, वहीं जंगली जानवरों से फसल बचाने के लिए घेर-बाड़ योजना के तहत केंद्र सरकार से ₹25 करोड़ की सहायता भी स्वीकृत हुई है।
अल्मोड़ा में खुलेगा लैंग्वेज ट्रेनिंग सेंटर
विदेशों में नौकरी के इच्छुक युवाओं के लिए राज्य सरकार ने अल्मोड़ा में लैंग्वेज ट्रेनिंग सेंटर खोलने का फैसला किया है। मुख्यमंत्री कौशल उन्नयन एवं वैश्विक रोजगार योजना के तहत अभी तक केवल देहरादून में ही यह सेंटर संचालित हो रहा है, जिसकी शुरुआत वर्ष 2023 में हुई थी। अल्मोड़ा में नया सेंटर खुलने के बाद प्रदेश में ऐसे केंद्रों की संख्या दो हो जाएगी।
विधानसभा में कौशल विकास मंत्री सौरभ बहुगुणा ने बताया कि इस योजना के तहत युवाओं को विभिन्न विदेशी भाषाओं का प्रशिक्षण देकर विदेशों में रोजगार के अवसर उपलब्ध कराए जा रहे हैं। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के निर्देश पर इन सेंटरों की संख्या बढ़ाने की दिशा में कार्य किया जा रहा है।
अब तक इस योजना के अंतर्गत 147 युवाओं को विदेशी भाषा का प्रशिक्षण दिया जा चुका है, जिनमें से 92 युवाओं को विभिन्न देशों में नौकरी मिल चुकी है। सेंटर में 8 से 10 माह का प्रशिक्षण दिया जाता है और 16 अधिकृत एजेंसियों के माध्यम से प्रशिक्षण संचालित किया जा रहा है। इसके अलावा 10 युवाओं के लिए सऊदी अरब में नौकरी का प्रस्ताव भी मिला है।
सरकार ने योजना के बजट को भी बढ़ाते हुए 75 लाख रुपये से बढ़ाकर 3.3 करोड़ रुपये कर दिया है, ताकि अधिक से अधिक युवाओं को इसका लाभ मिल सके। इस बीच पश्चिम एशिया में तनावपूर्ण परिस्थितियों के बावजूद योजना के तहत सऊदी अरब में कार्यरत 30 युवाओं को सुरक्षित बताया गया है।
फसल बचाने को घेर-बाड़ योजना के लिए केंद्र से ₹25 करोड़
जंगली जानवरों से किसानों की फसल की सुरक्षा के लिए चल रही घेर-बाड़ योजना को भी केंद्र सरकार से बड़ी मदद मिली है। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी द्वारा केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान से बातचीत के बाद केंद्र ने इस योजना के लिए ₹25 करोड़ की सहायता मंजूर की है।
विधानसभा में कृषि मंत्री गणेश जोशी ने जानकारी दी कि पूर्व में राष्ट्रीय कृषि विकास योजना के तहत इस योजना को केंद्र से आर्थिक सहयोग मिलता था, लेकिन बाद में यह सहायता बंद हो गई थी। इसके बाद राज्य सरकार ने किसानों की समस्या को देखते हुए जिला योजना से इस योजना को जारी रखा।
सरकार के अनुसार पिछले तीन वर्षों में जिला योजना के माध्यम से 2841 हेक्टेयर भूमि पर घेर-बाड़ का कार्य कराया गया है, जिससे 44,429 किसानों को लाभ मिला है। राज्य सरकार ने चालू बजट में भी इस योजना के लिए ₹10 करोड़ का प्रावधान किया है।
सरकार का मानना है कि इन दोनों पहलों से एक ओर प्रदेश के युवाओं को विदेशों में रोजगार के नए अवसर मिलेंगे, वहीं दूसरी ओर किसानों की फसल को जंगली जानवरों से होने वाले नुकसान से बचाने में मदद


