नव नियुक्त आरक्षियों को मिले नियुक्ति पत्र, 162 शरणार्थियों को मिली नागरिकता; ई-जीरो एफआईआर का शुभारंभ, ‘विकल्प रहित संकल्प’ पुस्तक का विमोचन

हरिद्वार 07 मार्च 
। कार्यक्रम के दौरान गृहमंत्री ने उत्तराखंड पुलिस में चयनित नव नियुक्त आरक्षियों को नियुक्ति पत्र प्रदान किए। मंच से अमन सिंह, आकाश, अभय चौहान, अर्जुन नाथ गोस्वामी और योगेश नाथ को नियुक्ति पत्र दिए गए।
इस अवसर पर पाकिस्तान और अफगानिस्तान से आए 162 शरणार्थियों को भारत की नागरिकता का प्रमाणपत्र भी प्रदान किया गया। इनमें पाकिस्तान के बलूचिस्तान स्थित सिद्धपीठ हिंगलाज माता मंदिर के पुजारी परिवार से जुड़े श्री शैलेश, पाकिस्तान के भट्टाग्राम से आए श्री जसपाल कुमार, कराची में महिलाओं के साथ होने वाले उत्पीड़न से परेशान होकर भारत आईं श्रीमती दुर्गानाथ टी. राजपूत तथा अफगानिस्तान से आईं श्रीमती हंसेरी बाई को मंच पर नागरिकता प्रमाणपत्र सौंपा गया।
कार्यक्रम में गृहमंत्री ने उत्तराखंड में ई-जीरो एफआईआर प्रणाली का भी शुभारंभ किया। भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता की धारा 173 के अंतर्गत शुरू की गई यह व्यवस्था एक लाख रुपये से अधिक की वित्तीय साइबर धोखाधड़ी के मामलों में पीड़ितों को त्वरित सहायता प्रदान करने के उद्देश्य से विकसित की गई है। अब 1930 हेल्पलाइन या नेशनल साइबर क्राइम रिपोर्टिंग पोर्टल पर प्राप्त शिकायतें देहरादून स्थित राज्य साइबर पुलिस स्टेशन में ई-जीरो एफआईआर के रूप में दर्ज होंगी और सीसीटीएनएस के माध्यम से संबंधित थाने को तुरंत भेजी जाएंगी। इससे पुलिस को गोल्डन ऑवर में कार्रवाई करने, साक्ष्य जुटाने और संदिग्ध लेन-देन को फ्रीज़ करने में मदद मिलेगी, जिससे ठगी गई राशि की रिकवरी की संभावना बढ़ेगी।
इस दौरान मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के भाषणों के संकलन पर आधारित गिरजा शंकर जोशी की पुस्तक ‘विकल्प रहित संकल्प’ का भी विमोचन किया गया। कार्यक्रम में राज्य सरकार के ऐतिहासिक निर्णयों और जनकल्याणकारी योजनाओं पर आधारित एक लघु फिल्म का प्रदर्शन भी किया गया।


